इन बुजुर्गों को नहीं मिलेगी वृद्धावस्था पेंशन, बजट घोषणा में बदलाव

पुरानी अधिसूचना को संशोधित कर सरकारी सेवा की पेंशन ले रहे दंपत्ति या आयकर दाता वृद्ध दंपत्ति बिना किसी आय सीमा की शर्त के दी जाने वाली वृद्धावस्था पेंशन के लिए पात्र नहीं माने जाएंगे।

इन बुजुर्गों को नहीं मिलेगी वृद्धावस्था पेंशन, बजट घोषणा में बदलाव
वृद्धावस्था पेंशन (डिजाइन फोटो)।

शिमला: बजट सत्र 2022-23 में प्रदेश सरकार ने 60 वर्ष से अधिक उम्र के हर बुजुर्गों को वृद्धावस्था पेंशन देने का ऐलान किया था। मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुसार वृद्धावस्था पेंशन के लिए आय सीमा नहीं रखी गई थी। मगर, अब इस घोषणा को लेकर सरकार ने कुछ बदलाव किया है। पुरानी अधिसूचना को संशोधित कर सरकारी सेवा की पेंशन ले रहे दंपत्ति या आयकर दाता वृद्ध दंपत्ति बिना किसी आय सीमा की शर्त के दी जाने वाली वृद्धावस्था पेंशन के लिए पात्र नहीं माने जाएंगे।

आपको बता दें कि सरकार ने 8 अप्रैल को इसी महीने से वृद्धावस्था पेंशन बढ़ाकर 1000 रुपये प्रति माह देने के बाबत अधिसूचना जारी की है। वहीं, बुधवार को सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग ने सीएम जयराम ठाकुर की इस बजट घोषणा की संशोधित अधिसूचना जारी की। जिसके अनुसार सामाजिक सुरक्षा नियम 2010 के पात्रता नियम छह के तहत नियम पांच लागू कर दिया गया है। अब किसी भी सरकारी सेवा की पेंशन लेने वाला बुजुर्ग या दंपत्ति इस सामाजिक सुरक्षा पेंशन लेने के लिए पात्र नहीं माना जाएगा।

आवेदन के लिए जरूरी दस्तावेज
8 अप्रैल को जारी अधिसूचना के अनुसार 60 से 64 वर्ष की उम्र की महिलाएं और 60 से 69 वर्ष की उम्र के पुरुष बिना आय सीमा वृद्धावस्था पेंशन लेने के लिए पात्र होंगे। वृद्धावस्था पेंशन लेने के लिए प्रार्थना पत्र के साथ आयु प्रमाण पत्र, चिकित्सा प्रमाण पत्र और वचनबद्धता की प्रति के साथ तहसील कल्याण अधिकारी जिला अधिकारी कार्यालय में आवेदन करना होगा। आवेदन के लिए ग्राम सभा का अनुमोदन भी जरूरी नहीं है।

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किसकी-कितनी बढ़ाई पेंशन राशि
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की 2022-23 बजट घोषणा के अनुसार सामाजिक सुरक्षा पेंशन के तहत दी जाने वाली राशि को मौजूदा वित्तीय वर्ष के लिए बढ़ाया गया है। घोषणा के अनुसार पात्र बुजुर्गों के खाते में वृद्धावस्था पेंशन की राशि अब बढ़ाकर 1000 रुपये भेजी जाएगी। वहीं, कुष्ठ रोगियों और ट्रांसजेंडर को दी जा रही पेंशन भी 850 रुपये प्रति माह से बढ़ाकर 1000 रुपये दी जाएगी। विधवाओं, दिव्यांगजनों, परित्यक्त महिलाओं व एकल नारियों की पेंशन अब 1000 रुपये से बढ़ाकर 1150 रुपये, 70 वर्ष से अधिक उम्र के वृद्धजनों एवं 70 प्रतिशत से अधिक दिव्यांगता वाले दिव्यांगजनों को दी जा रही पेंशन 1500 रुपये प्रति माह से बढ़ाकर अब 1700 रुपये प्रति माह दी जाएगी।