सलाम! फिर बचाई बेजुबान की जान, क्रेन की मदद से नाले से निकाला बैल

एडीएम राजीव ठाकुर को क्षेत्र की गौ रक्षक सुनील शर्मा की याद आई। राजीव ठाकुर ने बैल को बाहर निकालने के लिए प्रगति समाज सेवा समिति के संचालक सुनील शर्मा की सहायता ली।

सलाम! फिर बचाई बेजुबान की जान, क्रेन की मदद से नाले से निकाला बैल
गहरे नाले में गिरे बैल को किया रेस्क्यू।

बिलासपुर: चंद रोज़ पहले हमने आपको बिलासपुर के एक ऐसे व्यक्ति के बारे में बताया था, जिसने गौ माता की रक्षा और सम्मान में एक मंदिर का निर्माण करवा दिया है। मंदिर का नाम नंदेश्वर महादेव रखा गया है, जहां पर लोग आते हैं और सोना चांदी नहीं बल्कि गौ माता के लिए चारे का भोग लगाकर जाते हैं। बिलासपुर जिला के घुमारवीं उपमंडल के तहत आने वाले भगेड गांव के पास मंदिर निर्माण करवाने वाले सुनील शर्मा की नेक दिली का एक और किस्सा आज हम आपको बताने जा रहे हैं। सुनील शर्मा आज एक बेजुबान मौत के मुंह से वापिस लेकर आए। 

दरअसल, शनिवार देर रात को एक बैल गहरे नाले में गिर गया था। रविवार सुबह जब स्थानीय ग्रामीणों ने बैल को नाले में गिरा हुआ देखा, तो उन्होंने इसकी सूचना एसडीएम घुमारवीं राजीव ठाकुर को दी। एडीएम राजीव ठाकुर को क्षेत्र की गौ रक्षक सुनील शर्मा की याद आई। राजीव ठाकुर ने बैल को बाहर निकालने के लिए प्रगति समाज सेवा समिति के संचालक सुनील शर्मा की सहायता ली। 

एसडीएम के आदेशों के बाद सुनील शर्मा फोरलेन के निर्माण कार्य में लगे कर्मचारियों के साथ मौके पर पहुंचे और बैल को निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन सुबह 6:00 बजे ही शुरू कर दिया। इसके लिए उन्होंने रस्सी से बैल को बांधकर ऊपर खींचने का प्रयास किया, लेकिन सफल नहीं हो पाए। इस दौरान क्रेन को मौके पर लाया गया और क्रेने से बांधकर बैल को सुरक्षित बाहर निकालने का प्रयास किया गया।

घंटों तक चले इस रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद आखिरकार मेहनत रंग लाई और बेजुबान प्राणी को क्रेन की मदद से जिंदा बाहर निकाल लिया गया। नाले में गिरे बैल को काफी गहरी चोटें आई हैं। क्षेत्र की गायों की रक्षा करने वाले सुनील शर्मा की इस नेक कार्य को लेकर हर कहीं तारीफ हो रही है और होनी भी चाहिए। सुनील शर्मा जैसे लोग खुद के साथ-साथ दूसरों के लिए जीना सिखाते हैं।